अमेरिका-इज़राइल ने ईरान पर हमला किया: क्या हुआ, कहां तक खबरें पुष्टि हैं, और हालात क्या हैं
नई दिल्ली: मध्य पूर्व से बड़ी और तेज़ खबरें आ रही हैं। 28 फरवरी 2026 को अमेरिका और इज़राइल ने ईरान पर सामरिक हमला शुरू कर दिया है, जिसके बाद पूरे क्षेत्र में तनाव चरम पर पहुंच गया है। इस हमले को संयुक्त रूप से Operation Epic Fury और Lion’s Roar नाम दिया गया है। इस बड़ी सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान ने भी व्यापक जवाबी हमले शुरू कर दिए हैं।
📍 हमला कब और कैसे हुआ?
शनिवार सुबह (28 फरवरी) को अमेरिका और इज़राइल ने ईरान के कई सैन्य और रणनीतिक ठिकानों पर बड़ी मिसाइल और हवाई हमले किए। इन हवाई हमलों का लक्ष्य ईरान की वायु रक्षा प्रणाली, मिसाइल साइट, सैन्य कमान-कंट्रोल केंद्र और उच्चस्तरीय अधिकारियों का ठिकाना बताया जा रहा है।
इन हमलों के बाद तेहरान, इस्फहान और देश के कई हिस्सों में तेज विस्फोटों की आवाज़ें सुनी गईं, और इजरायल तथा अन्य खाड़ी देशों में मिसाइल अलर्ट जारी किए गए।
📌 क्या ईरान के सुप्रीम लीडर की मौत हुई?
मुख्य सुर्खियों में यह दावा किया जा रहा है कि ईरान के सर्वोच्च नेता आयातोल्ला अली खामेनेई इस हमले में मारे गए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति और इजरायली अधिकारियों ने भी इसी तरह का बयान दिया है। वहीं ईरानी सरकारी मीडिया और कुछ स्थानीय रिपोर्टें कह रही हैं कि उन्होंने खामेनेई को सुरक्षित स्थान पर भेज दिया है और वह जीवित हैं।
सरकारी पुष्टि दोनों तरफ से अलग-अलग आ रही है, इसलिए इस मुद्दे पर पूरी तरह आधिकारिक पुष्टि सामने नहीं आई है — लेकिन घटनास्थल और संदेशों की गंभीरता को कई अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसियों ने कवर किया है।
🔥 क्षेत्र में जवाबी कार्रवाई
हमले के तुरंत बाद ईरान ने भी कई मिसाइलें और ड्रोन हवाई ठिकानों, सैन्य बेसों और संभावित अमेरिकी एवं इज़राइली लक्ष्यों पर छोड़े। बहरैन, कुवैत, कतर, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और सऊदी अरब के आस-पास भी मिसाइल अलर्ट और धमाकों की खबरें मिलीं।
ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा है कि वे अमेरिका और इज़राइल से “अंतिम विजय” तक लड़ेंगे और जवाबी कार्रवाई जारी रहेगी।
🪖 नागरिक जीवन पर असर
हमले और जवाबी प्रयासों के कारण:
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एयर स्पेस बंद या प्रभावित रहा है, जिससे अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द या देरी हुई हैं।
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तेहरान और दक्षिणी ईरान के क्षेत्रों में विस्फोटों की खबरें मिली हैं।
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स्कूलों, अस्पतालों और नागरिक इलाकों में नुकसान की खबरें स्थानीय मीडिया ने रिपोर्ट की हैं, लेकिन विस्तृत स्वतंत्र सत्यापन अभी जारी है।
🌍 अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया
युद्ध के बढ़ते खतरे को देखते हुए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक बुलाई गई है। यूएन महासचिव एंतोनियो गुटेरेस ने कहा कि सभी पक्षों को तुरंत शांति और कूटनीति पर लौटना चाहिए, क्योंकि अधिक युद्ध “नागरिकों और क्षेत्रीय स्थिरता दोनों के लिए गंभीर परिणाम” ला सकता है।
यूरोपीय देशों, रूस और चीन समेत कई देशों ने मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव पर चिंता जताई है और बातचीत की अपील की है।
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